Diwali Aarti Lyrics : श्री गणेश, लक्ष्मी, विष्णु, सरस्वती तथा कुबेर जी की आरतियों का संग्रह

Please follow and like us:

Diwali Aarti LyricsDiwali laxmi aarti lyrics – diwali saraswati aarti lyrics – diwali kuber aarti lyrics – प्रत्येक वर्ष दीपावली का त्योहार पूरे भारतवर्ष में बड़े ही धूमधाम से मनाया जाता है। दीपावली की पूजा करते समय विभिन्न आरतियों को गाया जाता है। आज हम दीपावली के पावन पर्व पर की जाने वाली महत्वपूर्ण आरतियों का संग्रह प्रस्तुत कर रहे हैं। इन निम्नलिखित आरतियों को पूजन के समय गाने पर आपके सभी कष्ट तथा दुःख दूर होंगे साथ ही दिवाली के पावन पर्व के साथ खुशियों का आगमन होगा।Diwali aarti lyrics

Diwali aarti lyrics – diwali ganesh aarti lyrics – diwali vishnu aarti lyrics

गणेश जी की आरती  – Ganesh aarti hindi jai ganesh deva  – shri ganesh ji ki aarti hindi – गणेश जी की आरती – Shree Ganesh Aarti in Hindi: Jai Ganesh Jai Ganesh Jai Ganesh Deva – diwali ganesh aarti lyrics

जय गणेश जय गणेश जय गणेश देवा।
माता जाकी पार्वती पिता महादेवा॥

एकदन्त दयावन्त चारभुजाधारी
माथे सिंदूर सोहे मूसे की सवारी ।। जय गणेश देवा

पान चढ़े फूल चढ़े और चढ़े मेवा
लॅडडुअन का भोग लगे सन्त करें सेवा॥ जय गणेश देवा

अन्धन को आँख देत, कोढ़िन को काया।
बाँझन को पुत्र देत, निर्धन को माया ।। जय गणेश देवा

दीनन की लाज राखो, शंभू पुत्र वारि।
कामना को पूरा करो, जाएं बलिहारी।।

‘सूर’ श्याम शरण आए सफल कीजे सेवा
माता जाकी पार्वती पिता महादेवा॥

जय गणेश जय गणेश जय गणेश देवा।
माता जाकी पार्वती पिता महादेवा॥

Diwali aarti lyrics

 Must Read : Ganesh aarti jai dev jai mangal murti lyrics

लक्ष्मी जी की आरती : – laxmi mata aarti in hindi – lyrics of ॐ जय लक्ष्मी माता – laxmi mata ki aarti in hindi – lakshmi mata ji ki aarti lyrics  – diwali laxmi aarti lyrics

ॐ जय लक्ष्मी माता, मैया जय लक्ष्मी माता ||

तुमको निशदिन सेवत, हर विष्णु विधाता !!

उमा, रमा, ब्रह्मणि, तुम ही जग माता ||

मैया तुम ही जग माता ||

सूर्य चंद्रमा ध्यावत, नारद ऋषि गाता !!

ॐ जय लक्ष्मी माता..

दुर्गा रूपा निरंजनी, सुख सम्पति दाता ||

मैया सुख सम्पति दाता ||

जो कोई तुमको ध्यावत, रिद्धि सिद्धि धन पाता !!

ॐ जय लक्ष्मी माता..

तुम पाताल निवासनी, तुम ही शुभ दाता ||

मैया तुम ही शुभ दाता ||

कर्म प्रभाव प्रकाशनी, भवनिधि की त्राता !!

ॐ जय लक्ष्मी माता..

जिस घर में तुम रहती, सब सदगुण आता ||

मैया सब सदगुण आता ||

सब संभव हो जाता, मन नहीं घबराता !!

ॐ जय लक्ष्मी माता..

तुम बिन यज्ञ न होते, वस्त्र न हो पाता ||

मैया वस्त्र न हो पाता ||

खान पान का वैभव, सब तुमसे आता !!

ॐ जय लक्ष्मी माता..

शुभ गुण मंदिर सुन्दर , क्षीरोदधि जाता ||

मैया क्षीरोदधि जाता ||

रत्ना चतुर्दशा तुम बिन, कोई नहीं पाता !!

ॐ जय लक्ष्मी माता..

महा लक्ष्मी जी की आरती, जो कोई जन गाता ||

मैया जो कोई जन गाता ||

उर आनंद समाता, पाप उतर जाता !!

ॐ जय लक्ष्मी माता..

Diwali aarti lyrics

Must read- Lakshmi mata aarti in Hindi – लक्ष्मी माता आरती- ओम जय लक्ष्मी माता

विष्णु जी की आरती : विष्णु भगवान की आरती – Vishnu Ji Ki Aarti – Vishnu Bhagwan Ki Aarti – vishnu ji ki aarti lyrics – vishnu ji ki aarti pdf – vishnu ji ki aarti in hindi – diwali vishnu aarti lyrics

ॐ जय जगदीश हरे, स्वामी जय जगदीश हरे

भक्त जनों के संकट, दास जनों के संकट क्षण में दूर करे

ॐ जय जगदीश हरे

जो ध्यावे फल पावे, दुःखबिन से मन का

स्वामी दुःखबिन से मन का

सुख सम्पति घर आवे, सुख सम्पति घर आवे

कष्ट मिटे तन का

ॐ जय जगदीश हरे

मात पिता तुम मेरे, शरण गहूं किसकी

स्वामी शरण गहूं मैं किसकी

तुम बिन और न दूजा, तुम बिन और न दूजा

आस करूं मैं जिसकी

ॐ जय जगदीश हरे

तुम पूरण परमात्मा

तुम अन्तर्यामी, स्वामी तुम अन्तर्यामी

पारब्रह्म परमेश्वर, पारब्रह्म परमेश्वर

तुम सब के स्वामी

ॐ जय जगदीश हरे

तुम करुणा के सागर, तुम पालनकर्ता

स्वामी तुम पालनकर्ता, मैं मूरख फलकामी

मैं सेवक तुम स्वामी, कृपा करो भर्ता

ॐ जय जगदीश हरे

तुम हो एक अगोचर, सबके प्राणपति

स्वामी सबके प्राणपति, किस विधि मिलूं दयामय

किस विधि मिलूं दयामय, तुमको मैं कुमति

ॐ जय जगदीश हरे

दीन-बन्धु दुःख-हर्ता, ठाकुर तुम मेरे

स्वामी रक्षक तुम मेरे, अपने हाथ उठाओ

अपने शरण लगाओ, द्वार पड़ा तेरे

ॐ जय जगदीश हरे

विषय-विकार मिटाओ, पाप हरो देवा

स्वमी पाप हरो देवा, श्रद्धा भक्ति बढ़ाओ

श्रद्धा भक्ति बढ़ाओ, सन्तन की सेवा

ॐ जय जगदीश हरे, ॐ जय जगदीश हरे

स्वामी जय जगदीश हरे

Must Read – Vishnu Aarti in Hindi: ओम जय जगदीश हरे

कुबेर जी की आरती : kuber ji ki aarti hindi lyrics – ऊँ जै यक्ष कुबेर हरे, स्वामी जै यक्ष जै यक्ष कुबेर हरे। kuber ji ki aarti, kuber ji ki aarti hindi lyrics – diwali kuber aarti lyrics

ऊँ जै यक्ष कुबेर हरे,

स्वामी जै यक्ष जै यक्ष कुबेर हरे ।

शरण पड़े भगतों के,

भण्डार कुबेर भरे ।

॥ ऊँ जै यक्ष कुबेर हरे…॥

शिव भक्तों में भक्त कुबेर बड़े,

स्वामी भक्त कुबेर बड़े ।

दैत्य दानव मानव से,

कई-कई युद्ध लड़े ॥

॥ ऊँ जै यक्ष कुबेर हरे…॥

स्वर्ण सिंहासन बैठे,

सिर पर छत्र फिरे,

स्वामी सिर पर छत्र फिरे ।

योगिनी मंगल गावैं,

सब जय जय कार करैं ॥

॥ ऊँ जै यक्ष कुबेर हरे…॥

गदा त्रिशूल हाथ में,

शस्त्र बहुत धरे,

स्वामी शस्त्र बहुत धरे ।

दुख भय संकट मोचन,

धनुष टंकार करें ॥

॥ ऊँ जै यक्ष कुबेर हरे…॥

भांति भांति के व्यंजन बहुत बने,

स्वामी व्यंजन बहुत बने ।

मोहन भोग लगावैं,

साथ में उड़द चने ॥

॥ ऊँ जै यक्ष कुबेर हरे…॥

बल बुद्धि विद्या दाता,

हम तेरी शरण पड़े,

स्वामी हम तेरी शरण पड़े ।

अपने भक्त जनों के,

सारे काम संवारे ॥

॥ ऊँ जै यक्ष कुबेर हरे…॥

मुकुट मणी की शोभा,

मोतियन हार गले,

स्वामी मोतियन हार गले ।

अगर कपूर की बाती,

घी की जोत जले ॥

॥ ऊँ जै यक्ष कुबेर हरे…॥

यक्ष कुबेर जी की आरती,

जो कोई नर गावे,

स्वामी जो कोई नर गावे ।

कहत प्रेमपाल स्वामी,

मनवांछित फल पावे ॥

Must Read – कुबेर जी की आरती करने से होगी धन वर्षा

Diwali aarti lyrics

सरस्वती मैया की आरती  – Saraswati mata ki aarti hindi – maa saraswati ki aarti in hindi, Saraswati mata aarti lyrics, Saraswati mata ki aarti meaning, maa saraswati aarti, aarti of maa saraswati. ॐ जय सरस्वती माता, जय जय सरस्वती माता – diwali saraswati aarti lyrics

जय सरस्वती माता, जय जय सरस्वती माता

सदगुण वैभव शालिनी, सदगुण वैभव शालिनी

त्रिभुवन विख्याता, जय जय सरस्वती माता

ॐ जय सरस्वती माता, जय जय सरस्वती माता

सदगुण वैभव शालिनी, सदगुण वैभव शालिनी

त्रिभुवन विख्याता, जय जय सरस्वती माता

चन्द्रबदनि पद्मासिनि, कृति मंगलकारी

मैय्या कृति मंगलकारी

सोहे शुभ हंस सवारी, सोहे शुभ हंस सवारी

अतुल तेज धारी

जय जय सरस्वती माता

बाएं कर में वीणा, दाएं कर माला

मैय्या दाएं कर माला

शीश मुकुट मणि सोहे, शीश मुकुट मणि सोहे

गल मोतियन माला

जय जय सरस्वती माता

देवी शरण जो आए, उनका उद्धार किया

मैय्या उनका उद्धार किया

बैठी मंथरा दासी, बैठी मंथरा दासी

रावण संहार किया

जय जय सरस्वती माता

विद्यादान प्रदायनि, ज्ञान प्रकाश भरो

जन ज्ञान प्रकाश भरो

मोह अज्ञान की निरखा, मोह अज्ञान की निरखा

जग से नाश करो

जय जय सरस्वती माता

धूप, दीप, फल, मेवा, माँ स्वीकार करो

ओ माँ स्वीकार करो

ज्ञानचक्षु दे माता, ज्ञानचक्षु दे माता

जग निस्तार करो

जय जय सरस्वती माता

माँ सरस्वती की आरती, जो कोई जन गावै

मैय्या जो कोई जन गावै

हितकारी सुखकारी हितकारी सुखकारी

ज्ञान भक्ति पावै

जय जय सरस्वती माता

जय सरस्वती माता, जय जय सरस्वती माता

सदगुण वैभव शालिनी, सदगुण वैभव शालिनी

त्रिभुवन विख्याता

जय जय सरस्वती माता।

ॐ जय सरस्वती माता, जय जय सरस्वती माता

सदगुण वैभव शालिनी, सदगुण वैभव शालिनी

त्रिभुवन विख्याता, जय जय सरस्वती माता।।

Diwali aarti lyrics

Must Read-  दिवाली पर ऐसे करें मां काली को खुश, होगी हर मनोकामना पूर्ण

Must Read – Free Download of Happy Deepavali status videos

For more articles like Diwali aarti lyricsहमारे फेसबुकट्विटर और इंस्टाग्राम पर हमें फ़ॉलो करें और हमारे वीडियो के बेस्ट कलेक्शन को देखने के लिए, YouTube पर हमें फॉलो करें।

Leave a Reply

Your email address will not be published.

The content and images used on this site are copyright protected and copyrights vests with their respective owners. We make every effort to link back to original content whenever possible. If you own rights to any of the images, and do not wish them to appear here, please contact us and they will be promptly removed. Usage of content and images on this website is intended to promote our works and no endorsement of the artist shall be implied. Read more detailed ​​disclaimer
Copyright © 2022 Tentaran.com. All rights reserved.
× How can I help you?