Pitru Paksha 2019 जानिए क्यों किया जाता है श्राद्ध?

Please follow and like us:
RSS
Follow by Email
Facebook
Twitter
YouTube
Pinterest
LinkedIn
Instagram

Pitru Paksha 2019 – श्राद्ध पक्ष भाद्र पक्ष की पूर्णिमा से प्रारम्भ होकर आश्विन मास की अमावस्या तक होता है। इस साल 13 सितंबर से 28  सितंबर तक श्राद्धपक्ष रहेगा। ये 15 दिन पितरों के कहे जाते हैं। इन 15 दिनों में पितरों को याद किया जाता है और उनका तर्पण किया जाता है। pitru paksha 2019 dates

Pitru Paksha 2018

Pitru Paksha 2019

क्या है श्राद्ध

  • व्यक्ति का अपने पितरों को श्रद्धा के साथ अर्पित किया गया तर्पण ही श्राद्ध कहलाता है। इस दिन लोग अपने पूर्वजों का स्मरण करके उनकी सुख-शांति की कामना करते हैं। जिस तिथि को पितरों का गमन यानी देहांत होता है उसी दिन पितरों का श्राद्ध किया जाता है। ऐसी मान्यता है कि मृत्यु के देवता यमराज श्राद्ध पक्ष में जीव को मुक्त कर देते हैं, ताकि वह अपने परिजनों के यहां जाकर तर्पण ग्रहण कर सकें।

भारत के प्रसिद्ध हनुमान मंदिर

कौन कहलाते हैं पितर – shradh 2019 dates

  • जिस भी व्यक्ति की मृत्यु हो चुकी है उन्हें पितर कहा जाता है। पितर मृत्युलोक से आकर अपने परिवार के लोगों को आशीर्वाद देते हैं।

क्यों होते हैं सोलह दिन के श्राद्ध – Pitru Paksha 2019

Pitru Paksha 2018Pitru Paksha 2019 – सूर्य देव अपनी प्रथम राशि से कन्या राशि में एक माह के लिए भ्रमण करते हैं। तभी यह सोलह दिन का पितृपक्ष मनाया जाता है। इन सोलह दिनों के लिए पितृ आत्मा को सूर्य देव पृथ्वी पर अपने परिजनों के पास भेजते हैं। पक्ष पन्द्रह दिन का ही होता है लेकिन जिनका निधन पूर्णिमा को होता है, उनका भी तर्पण किया जाता है। इसलिए पूर्णिमा को मिलाकर श्राद्ध 16 दिन के होते हैं।

जल और तिल – shradh 2019 date in india calendar

Pitru Paksha 2018

  • श्राद्ध पक्ष में जल और तिल द्वारा तर्पण किया जाता है। ऐसा माना गया है कि जल जन्म से मोक्ष तक साथ देता है। तिल को देवान्न कहा गया है। ऐसा माना जाता है कि इससे ही पितरों को तृप्ति होती है।   

श्राद्ध पक्ष में ना करें ये काम, लग सकता है पितृ दोष

कौआ, कुत्ता और गाय – shradh vidhi mantra

  • इनको यम का प्रतीक माना गया है। गाय को वैतरिणी पार करने वाली कहा गया है। कौआ भविष्यवक्ता और कुत्ते को अनिष्ट का संकेतक कहा गया है, इसलिए श्राद्ध में इनको भी भोजन दिया जाता है।

कोई शुभ कार्य नहीं होते – shradh 2019 date in india calendar

  • यह सोलह 16 दिन शोक के होते हैं। इसलिए इन दिनों मांगलिक कार्य करना वर्जित हैं।

कैसे करें श्राद्ध – shradh puja vidhi in hindi

  • ब्राह्मण से पितरों की पूजा एवं तर्पण आदि कराएं। इसके बाद गाय, कुत्ता, कौआ के लिए भोजन निकाले।
  • ब्राह्मण को भोजन कराएं और वस्त्र, दक्षिणा आदि से सम्मान करें।

जानिए सर्वपितृ अमावस्या पर क्यों करते हैं श्राद्ध

तीन पीढ़ियों तक का ही श्राद्ध – pitru paksha rules

  • श्राद्ध केवल तीन पीढ़ियों तक का ही होता है। धर्मशास्त्रों के मुताबिक देवतुल्य स्थिति में तीन पीढ़ी के पूर्वज गिने जाते हैं। पिता को वसु के समान, रुद्र दादा के समान और परदादा आदित्य के समान माने गए हैं।

For Latest Updates like Pitru Paksha 2019, हमारे फेसबुकट्विटर और इंस्टाग्राम पर हमें फ़ॉलो करें।

Leave a Reply

Your email address will not be published.

The content and images used on this site are copyright protected and copyrights vests with their respective owners. We make every effort to link back to original content whenever possible. If you own rights to any of the images, and do not wish them to appear here, please contact us and they will be promptly removed. Usage of content and images on this website is intended to promote our works and no endorsement of the artist shall be implied. Read more detailed ​​disclaimer
Copyright © 2019 Tentaran.com. All rights reserved.
× How can I help you?